नालियों की सफाई न होने से आक्रोशित पार्षद ने नगर पालिका में फेंका कीचड़
प्रशासन के खिलाफ अनोखा विरोध; मुख्याधिकारी ने पुलिस थाने में दर्ज कराई शिकायत
वरोरा (नवचैतन्य) : शहर की चरमराई सफाई व्यवस्था और नागरिक समस्याओं की अनदेखी का आरोप लगाते हुए वरोरा नगरपालिका में एक अभूतपूर्व घटना सामने आई। प्रभाग क्रमांक 7 के कांग्रेस पार्षद राजकुमार खंडारे और उनके समर्थकों ने नालियों से निकाला गया सड़ा हुआ कीचड़ सीधे नगरपालिका कार्यालय परिसर में लाकर फेंक दिया। इस अप्रत्याशित कदम से कार्यालय में चारों ओर दुर्गंध फैल गई और कुछ समय के लिए अधिकारियों व कर्मचारियों के बीच अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
नागरिकों की समस्या से प्रशासन था बेखबर
जानकारी के अनुसार, प्रभाग क्रमांक 7 (जिसमें कॉलरी वार्ड, यात्रा वार्ड, हनुमान वार्ड और नेहरू चौक का कुछ हिस्सा शामिल है) में लंबे समय से गंदगी का साम्राज्य है। नालियों की सफाई न होने के कारण जलनिकासी की भारी समस्या उत्पन्न हो गई थी, जिससे स्थानीय नागरिकों का जीना मुहाल हो गया था। नागरिकों द्वारा नगरपालिका प्रशासन से कई बार शिकायतें की गईं। पार्षद राजकुमार खंडारे ने भी संबंधित अधिकारियों को इस गंभीर समस्या से बार-बार अवगत कराया, लेकिन प्रशासन ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया।

’जनता गंदगी में है, तो प्रशासन को भी एहसास हो’
समस्या का समाधान न होता देख पार्षद खंडारे का धैर्य जवाब दे गया। प्रशासन की कार्यप्रणाली का कड़ा विरोध दर्ज कराने के लिए उन्होंने अपने समर्थकों के साथ मिलकर नालियों का गंदा कीचड़ सीधे नगरपालिका कार्यालय में लाकर फैला दिया। आंदोलनकारियों का स्पष्ट कहना था कि जब आम जनता गंदगी और दुर्गंध में रहने को मजबूर है, तो वातानुकूलित कमरों में बैठे प्रशासन को भी इस वास्तविक स्थिति और बदबू का एहसास होना चाहिए।
सत्ता पक्ष के पार्षद के आंदोलन से हड़कंप
विशेष बात यह है कि सत्ता पक्ष के पार्षद द्वारा ही अपनी नगरपालिका के खिलाफ इस तरह का उग्र आंदोलन किए जाने से राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। शहरभर में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है।
मुख्याधिकारी ने दर्ज कराई FIR
इस घटना के बाद नगरपालिका प्रशासन हरकत में आ गया है। वरोरा नगरपालिका के मुख्याधिकारी ने इस कृत्य को गंभीरता से लेते हुए पार्षद और उनके सहयोगियों के खिलाफ वरोरा पुलिस थाने में आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। अब नागरिकों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि इस भारी विरोध प्रदर्शन के बाद क्या प्रभाग क्रमांक 7 की सफाई व्यवस्था में कोई सुधार आएगा या नहीं।

